16.1 C
Delhi
Friday, November 22, 2024

Buy now

Adsspot_img

साए से / इब्ने इंशा

- Advertisement -

क्यों मेरे साथ-साथ आता है ?
मेरी मंज़िल है बेनिशाँ नादाँ
साथ मेरा-तेरा कहाँ नादाँ
थक गए पाँव पड़ गए छाले
मंज़िलें टिमटिमा रही हैं – दूर
बस्तियाँ और जा रही हैं – दूर
मैं अकेला चलूँगा ऎ साए
कौन अहदे-वफ़ा निभाता है
क्यों मेरे साथ-साथ आता है
तू अभी जा मिलेगा सायों में
मैं कहाँ जाऊँ मैं कहाँ जाऊँ
किसकी आग़ोश में अमाँ पाऊँ

Related Articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Stay Connected

0FansLike
3,912FollowersFollow
14,700SubscribersSubscribe
- Advertisement -spot_img

Latest Articles